Guwa (Sandeep Gupta) सेल कर्मचारियों के शीर्ष संगठन NJCS (नेशनल जॉइंट कमेटी फॉर स्टील) को भंग कर उसकी जगह नई समाधान कार्य समिति के गठन का निर्णय लिया गया है। इस संबंध में केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा आदेश जारी कर दिया गया है। नई कार्य समिति का गठन 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होगा। नई समिति में सेल की विभिन्न इकाइयों में कार्यरत कर्मचारियों की संख्या के आधार पर प्रतिनिधियों की नियुक्ति की जाएगी। इसके साथ ही लंबे समय से चली आ रही मांग के अनुरूप खदान क्षेत्रों को भी प्रतिनिधित्व दिया जाएगा, जिससे खनन क्षेत्र में कार्यरत कर्मचारियों की भागीदारी सुनिश्चित हो सकेगी। गौरतलब है कि झारखण्ड मज़दूर संघर्ष संघ, किरीबुरू द्वारा NJCS में खदान प्रतिनिधित्व तथा मान्यता प्राप्त श्रमिक संगठनों के चुनाव कराए जाने की मांग को लेकर श्रम मंत्रालय के समक्ष मामला उठाया गया था।
संगठन के महामंत्री राजेंद्र सिंधिया ने उप मुख्य श्रम आयुक्त (केंद्रीय), धनबाद से मुलाकात कर इस मुद्दे को प्रमुखता से रखा था। इसके बाद उप मुख्य श्रम आयुक्त कार्यालय द्वारा यह प्रकरण मुख्य श्रम आयुक्त, नई दिल्ली को अग्रेषित किया गया। सरकार द्वारा NJCS को भंग करने और नई समिति के गठन की सूचना मिलते ही सेल कर्मचारियों में खुशी की लहर दौड़ गई है। अब औद्योगिक संबंध संहिता 2020 के प्रावधानों के तहत मान्यता प्राप्त श्रमिक संगठनों के बीच चुनाव कराए जाएंगे, जिसके माध्यम से चयनित संगठन नई समाधान कार्य समिति के सदस्य होंगे। कर्मचारियों का मानना है कि इस नई व्यवस्था से लोकतांत्रिक प्रक्रिया मजबूत होगी और सभी इकाइयों, विशेषकर खदान क्षेत्रों, को उचित प्रतिनिधित्व मिल सकेगा।
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