Jamshedpur (Nagendra) राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (NIT), जमशेदपुर में आज नवाचार और आधुनिक तकनीक के एक नए युग की शुरुआत हुई। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रायोजित एक सप्ताह के उन्नत प्रबंधन विकास कार्यक्रम (A-MDP) का औपचारिक उद्घाटन बड़े ही उत्साह के साथ किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य विषय "एआई के साथ एमएसएमई को सशक्त बनाना: व्यापार वृद्धि, स्वचालन और नवाचार के लिए एआई टूल्स का लाभ उठाना" है। दिग्गज पदाधिकारियों की उपस्थिति में दीप प्रज्वलन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि कुणाल कुमार (निदेशक एवं प्रमुख, BIS JSR), विशिष्ट अतिथि संदीप मिश्रा (निदेशक, S.S.S इंडस्ट्रीज) और डॉ. अर्पिता घोष (CSIR-NML) ने दीप प्रज्वलित कर किया। संस्थान के निदेशक एवं संरक्षक प्रो. (डॉ.) गौतम सूत्रधार ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान प्रतिस्पर्धी युग में एमएसएमई क्षेत्र के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को अपनाना अब विकल्प नहीं, बल्कि अनिवार्यता बन गया है। इस अवसर पर संस्थान के उप-निदेशक प्रो. (डॉ.) राम विनय शर्मा (Co-Patron), डीन एवं नोडल अधिकारी प्रो. (डॉ.) सतीश कुमार और कार्यक्रम अध्यक्ष डॉ. डी. के. शॉ उपस्थित रहे। कार्यशाला का सफल संचालन समन्वयक टीम—डॉ. चंद्रशेखर आजाद, डॉ. दिनेश कुमार और डॉ. मृत्युंजय राउत के नेतृत्व में किया जा रहा है।
2 फरवरी से 6 फरवरी 2026 तक चलने वाले इस प्रशिक्षण में देश के प्रतिष्ठित संस्थानों के विशेषज्ञ शामिल हो रहे हैं :
उद्योग जगत के विशेषज्ञ(Industry Experts) साहिल कौशिक (Microsoft) : ये माइक्रोसॉफ्ट के विशेषज्ञ के रूप में डेटा से सटीक निर्णय लेने के लिए 'Power BI' और डेटा विश्लेषण का व्यावहारिक प्रशिक्षण देंगे। समीर मिश्रा (Tata Steel) : ये एमएसएमई क्षेत्र में एआई के प्रति जागरूकता बढ़ाने और उसे कार्यान्वित करने के रणनीतिक तरीकों पर चर्चा करेंगे. बिस्वजीत मंडल (JP Morgan) : इनका सत्र मध्यम और लघु उद्योगों के लिए 'Tableau' सॉफ्टवेयर के उपयोग और डेटा विज़ुअलाइज़ेशन पर केंद्रित होगा। आरिफ अली खान (Cognizant) : ये एमएसएमई पेशेवरों के लिए एआई के माध्यम से साइबर सुरक्षा और डेटा सुरक्षा सुनिश्चित करने के उपाय बताएंगे। सुश्री प्रिया शर्मा (Mentorshala) : इनका सत्र डिजिटल मार्केटिंग और एआई टूल्स के माध्यम से कंटेंट क्रिएशन (सामग्री निर्माण) पर आधारित होगा। डॉ. दीपक कुमार (Wipenex IT) : ये एआई आधारित एप्लिकेशन विकसित करने और उनके व्यावसायिक उपयोग पर 'हैंड्स-ऑन' सत्र लेंगे।
अकादमिक और शोध विशेषज्ञ
(Academic & Research Experts)
डॉ. अर्पिता घोष (NML) : ये उद्योगों के लिए एआई समाधानों के परिवर्तनकारी प्रभाव और भविष्य की संभावनाओं पर जानकारी साझा करेंगी। डॉ. ललित प्रसाद (DY Patil Institute) : इनका मुख्य जोर एक्सेल और एआई टूल्स के समन्वय से डेटा विश्लेषण करने की व्यावहारिक पद्धति पर रहेगा। डॉ. हर्षित के. सिंह (XLRI, Jamshedpur) : ये मार्केट एनालिसिस (बाजार विश्लेषण), कस्टमर इनसाइट्स और बिजनेस प्रोसेस री-इंजीनियरिंग में एआई की भूमिका पर प्रकाश डालेंगे। डॉ. सी.एस. आजाद (NIT Jamshedpur) : ये उद्यमियों के लिए मशीन लर्निंग और आवश्यक एआई टूल्स के तकनीकी पहलुओं का मार्गदर्शन करेंगे। डॉ. दिनेश कुमार (NIT Jamshedpur) : इनका सत्र सप्लाई चेन एनालिटिक्स (आपूर्ति श्रृंखला विश्लेषण) में एआई के उपयोग पर केंद्रित होगा। डॉ. एम. राउत (NIT Jamshedpur) : ये एमएसएमई क्षेत्र के लिए औद्योगिक स्वचालन (Industrial Automation) के महत्व को समझाएंगे। डॉ. कनिका प्रसाद (NIT Jamshedpur) : ये तकनीकी नवाचार के साथ-साथ बौद्धिक संपदा अधिकारों (Intellectual Property Rights) के कानूनी पहलुओं की जानकारी देंगी।
व्यावहारिक प्रशिक्षण पर जोर -कार्यशाला के पहले दिन डॉ. अर्पिता घोष ने उद्योगों के लिए एआई समाधानों पर चर्चा की, जिसके बाद डॉ. ललित प्रसाद ने एक्सेल और एआई के माध्यम से डेटा विश्लेषण का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। आने वाले दिनों में प्रतिभागियों को 'मशीन लर्निंग' और 'इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन' जैसे आधुनिक विषयों से रूबरू कराया जाएगा।





































No comments:
Post a Comment