Default Image

Months format

Show More Text

Load More

Related Posts Widget

Article Navigation

Contact Us Form

Terhubung

NewsLite - Magazine & News Blogger Template
NewsLite - Magazine & News Blogger Template

Chaibasa किरीबुरू में जिला स्तरीय आर्चरी प्रतियोगिता का आगाज, उत्कृष्ट 8 तीरंदाजों को मिलेगा एकलव्य अकादमी में प्रवेश District level archery competition begins in Kiriburu, 8 outstanding archers will get admission in Eklavya Academy

 


Guwa (Sandeep Gupta) सेल, किरीबुरू के सीएसआर विभाग के प्रयोजन एवं पश्चिमी सिंहभूम जिला आर्चरी एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को एकलव्य आर्चरी अकादमी मैदान में स्वर्गीय राधे सुम्ब्रुई एवं स्वर्गीय पूर्णचंद्र बिरुआ मेमोरियल जिला स्तरीय आर्चरी प्रतियोगिता 2026-27 का भव्य शुभारंभ हुआ। प्रतियोगिता का उद्देश्य ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों की तीरंदाजी प्रतिभाओं को आगे बढ़ाना और उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने का अवसर प्रदान करना है। 


मुख्य अतिथि सेल, किरीबुरू के सहायक महाप्रबंधक (एचआर, एल एंड ई) सह प्रभारी सीएसआर सीके. बिस्वाल ने स्वर्गीय राधे सुम्ब्रुई एवं स्वर्गीय पूर्णचंद्र बिरुआ के चित्र पर माल्यार्पण एवं लक्ष्य भेदन कर प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि दोनों दिवंगत हस्तियों ने पश्चिम सिंहभूम में खेल और शिक्षा के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया था। उनके नाम पर आयोजित यह प्रतियोगिता युवाओं को प्रेरित करने के साथ जिले में खेल संस्कृति को भी मजबूत करेगी। 


सीके. बिस्वाल ने बताया कि सेल प्रबंधन पिछले लगभग 16 वर्षों से सीएसआर के तहत एकलव्य आर्चरी अकादमी का संचालन कर रहा है, जहां से कई खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुके हैं। उन्होंने घोषणा की कि प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले एवं इच्छुक 5 महिला तथा 3 पुरुष तीरंदाजों को सीधे एकलव्य आर्चरी अकादमी में प्रवेश दिया जाएगा।


प्रतियोगिता में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए लगभग 150 तीरंदाज हिस्सा ले रहे हैं। आयु वर्ग के अनुसार खिलाड़ियों के लिए 20 मीटर से 70 मीटर तक की दूरी निर्धारित की गई है। प्रत्येक प्रतिभागी 36 तीर चलाकर अधिकतम 360 अंक अर्जित करने का प्रयास करेगा।


प्रतियोगिता के सफल आयोजन में जिला आर्चरी एसोसिएशन, आदिवासी कल्याण केंद्र, आदिवासी हो समाज युवा महासभा तथा एकलव्य आर्चरी अकादमी के प्रशिक्षकों एवं तकनीकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।



No comments:

Post a Comment

GET THE FASTEST NEWS AROUND YOU

-ADVERTISEMENT-

.