Upgrade Jharkhand News. क़ौमी सिख मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अधिवक्ता कुलबिंदर सिंह ने पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री एवं शिरोमणि अकाली दल (बादल) पर हुए जानलेवा हमले की निंदा करते हुए इस कायराना हरकत बताया है। इस अधिवक्ता के अनुसार सिख पंथ में तख्त एवं गुरुद्वारा का स्थान सर्वोच्च है और वहां श्री गुरु ग्रंथ साहिब विराजमान रहते हैं अर्थात गुरु साहब प्रगट रूप में रहते हैं। जो गुरु की शरण में आता है उस पर हमला करना कहीं से भी उचित नहीं है।
इस सिख अधिवक्ता के अनुसार निहंग बाना (रूप रंग परिधान पहनावे) का गौरवमई इतिहास रहा है। मुगल, अब्दाली और ब्रिटिश शासन के जुल्म और अत्याचार के खत्म करने में विशेष योगदान रहा है। यह बाना लोगों की आस्था, विश्वास, श्रद्धा, सत्कार का प्रतीक है और इस पर किसी को दाग लगाने की इजाजत नहीं दी जा सकती।
नांदेड़ हजूर साहब की पवित्र धरती और माता साहिब कौर की समाधि के दर्शन एवं श्रद्धा प्रेम से नतमस्तक होने पहुंचे सुखबीर सिंह बादल पर हुए हमले को कोई भी स्वीकार नहीं कर सकता। अधिवक्ता कुलविंदर सिंह ने सभी निहंग सिख जत्थेबंदियों के सम्माननीय मुखी जत्थेदार से अपील की है कि कोई साधारण सिख इस बाना का गलत इस्तेमाल नहीं कर सके, ऐसा मैकेनिज्म विकसित करने की जरूरत है।

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